Sanatan Panchang 27022026 Rashifal Samadhan

🙏🏻हर हर महादेव 🙏🏻
🚩 *~ सनातन पंचांग ~* 🚩
🌤️ *दिनांक – 27 फरवरी 2026*
🌤️ *दिन – शुक्रवार*
🌤️ *विक्रम संवत – 2082*
🌤️ *शक संवत – 1947*
🌤️ *अयन – उत्तरायण*
🌤️ *ऋतु – वसंत ऋतु*
🌤️ *मास – फाल्गुन*
🌤️ *पक्ष – शुक्ल*
🌤️ *तिथि – एकादशी रात्रि 10:32 तक तत्पश्चात द्वादशी*
🌤️ *नक्षत्र – आर्द्रा सुबह 10:48 तक तत्पश्चात पुनर्वसु*
🌤️ *योग – आयुष्मान शाम 07:44 तक तत्पश्चात सौभाग्य*
🌤️*राहुकाल – सुबह 11:24 से दोपहर 12:52 तक*
🌤️ *सूर्योदय – 07:02*
🌤️ *सूर्यास्त – 06:40*
👉 *दिशाशूल – पश्चिम दिशा में*
🚩 *व्रत पर्व विवरण – आमलकी एकादशी*
💥 *विशेष – हर एकादशी को श्री विष्णु सहस्रनाम का पाठ करने से घर में सुख शांति बनी रहती है l  राम रामेति रामेति । रमे रामे मनोरमे ।। सहस्त्र नाम त तुल्यं । राम नाम वरानने ।।*
💥 *आज एकादशी के दिन इस मंत्र के पाठ से विष्णु सहस्रनाम के जप के समान पुण्य प्राप्त होता है l*
💥 *एकादशी के दिन बाल नहीं कटवाने चाहिए।*
💥 *एकादशी को चावल व साबूदाना खाना वर्जित है | एकादशी को शिम्बी (सेम) ना खाएं अन्यथा पुत्र का नाश होता है।*
💥 *जो दोनों पक्षों की एकादशियों को आँवले के रस का प्रयोग कर स्नान करते हैं, उनके पाप नष्ट हो जाते हैं।*
             🚩~*सनातन पंचांग* ~
🌷 *आमलकी एकादशी* 🌷
➡ *27 फरवरी को आमलकी एकादशी (व्रत करके आँवले के वृक्ष के पास रात्रि-जागरण, उसकी १०८ या २८ परिक्रमा करने से सब पापों का नाश व १००० गोदान का फल )*
🙏🏻
               🚩 *~ सनातन पंचांग ~* 🚩
🌷 *आर्थिक तकलीफ़ हो तो* 🌷
💰 *किसी को आर्थिक तकलीफ़ हो तो होली की पूनम के दिन एक समय ही खाना खायें, एक वक़्त उपवास करें अथवा तो नमक बिना का भोजन करें होली की रात को खीर बनायें और चंद्रमा को भोग लगाकर उसे लें; दिया दिखा दें चंद्रमा को; एक लोटे में जल लेकर उसमें चावल, शक्कर, कुमकुम, फूल, आदि डाल दें और चंद्रमा को ये मंत्र बोलते हुए अर्घ्य दें;*
🌷 *दधीशंख: तुषाराभम् क्षीरोरदार्णव संनिभम्*
*नमामि शशिनं सोमं शम्भोर्मुकुटभूषणम्*
🌙 *हे चंद्र देव! भगवान शिवजी ने आपको अपने बालों में धारण किया है, आपको मेरा प्रणाम है।*
➡ *अगर पूरा मंत्र याद न रहे तो “ॐ सोमाय नमः , ॐ सोमाय नमः” , इस मंत्र का जप कर सकते हैं।*
🙏🏻
               🚩 *~ सनातन पंचांग ~* 🚩
🌷 *होली के दिन पूजा विशेष* 🌷
🔥 *होली के दिन हनुमान जी के पूजा का विशेष विधान है, हो सके तो करना | पूजा का मतलब यह जरूरी नहीं की हनुमान जी के आगे दिया जलायें तब ही वे प्रसन्न होंगे | “श्रीगुरु चरण सरोज रज, निज मनु मुकुर सुधारि बरनउ रघुवर बिमल जसु, जो दायकु फल चारि”, ” मनोजवं मारुततुल्य वेगं जितेन्द्रियं बुद्धिमतां वरिष्ठं | वातात्मजं वानरयूथ मुख्यं श्री राम दूतं शरणं प्रपद्ये || ” ऐसी प्रार्थना कर दी, वे राजी हो जायेंगे | होली के दिन एक बार जरूर कर लें, बहुत लाभ होगा |*
🔥 *होली के दिन शास्त्रों में लक्ष्मी माता की पूजा का भी विधान बताया गया है | वह कपूर का दिया जलाकर करें | थोड़ा सा ही कपूर जलायें | होली का पर्व दरिद्रता का नाश करनेवाला पर्व है |*
🙏🏻
            🚩 *~   सनातन पंचांग ~* 🚩

🌹🌹🌷🌹🌹🌷🌹🌹
🌹🌹संतों के प्रवचन 🌹🌹
किसी भी प्रकारसे सत्पुरुषोंका मिलना हो जाय तो बस, काम हो गया।
सच्चे सन्तका मिलना दुर्लभ है; पर यदि वे मिल गये तो फिर उनका मिलना अमोघ है।
सच्चे सन्त यदि किसीके द्वारा सताये भी जाते हैं तो भी वे उसका कल्याण ही करते हैं। सच्चे सन्तके द्वारा किसीकी हानि होती ही नहीं, पर भगवान् इस बातको सहन नहीं करते। काकभुशुण्डिजीने गर्वमें आकर अपने गुरुका अपमान किया; गुरुने कुछ भी नहीं कहा, पर भगवान् शंकरने काकभुशुण्डिको शाप दे दिया। गुरुने शंकरसे प्रार्थना करके शापको वरदानके रूपमें परिणत करा दिया तथा अन्तमें काकभुशुण्डिजीको भगवत्प्राप्ति हुई। इस प्रकार सन्त अपनी दयासे बुरे फलको अच्छेमें बदल देते हैं।
सन्त यदि किसीपर क्रोध करते हैं तो वह क्रोध भी किसीके लिये हानिकर नहीं होता, उस क्रोधसे भी लाभ ही होता है; नलकूबर-मणिग्रीवने नारदजीका तिरस्कार किया। ये दोनों यक्ष जलमें नंगे स्नान कर रहे थे। नारदजीके आ जानेपर उन्होंने ध्यान ही नहीं दिया। नारदजीने शाप दे दिया। शापसे वे जड़ वृक्ष बन गये, पर वृक्ष बनकर भगवान् श्रीकृष्णके अंगस्पर्शको पाकर वे कृतार्थ हो गये। सन्तोंका शाप भी पापोंसे शुद्ध करके अन्तमें भगवान्से मिला देता है।
सन्त हरिदासजीपर मार पड़ी, शरीरसे खून निकलने लगा। मारनेवाले कहते — हरि-नाम लेना छोड़ दो। हरिदासजीने सोचा — ये हमें मारते हैं तथा मारते हुए हरि-नाम लेनेके लिये मना करते हुए इनके मुँहसे हरि-नामका उच्चारण हो जाता है, इससे अच्छी बात और क्या होगी। हरिदासजीने कहा — भैया! फिर मारो और हरि-नाम लो। मार पड़ती गयी। हरिदास बेहोश हो गये। मरा जानकर लोगोंने उन्हें गंगाजीमें फेंक दिया, पर वे मरे नहीं थे। गंगाजीसे बाहर निकल आये और भगवान् से मारनेवालोंके कल्याणकी प्रार्थना करने लगे।
उमा संत कइ इहइ बड़ाई।
मंद करत जो करइ भलाई॥
यही सन्तका महत्त्व है। ऐसे पुरुष अत्यन्त दुर्लभ हैं, जो हैं वे ही सन्त हैं।
अब कुछ और उदाहरण देखिये —
भगवान् बुद्ध के पास एक व्यक्ति रोज आकर अपशब्द कहता था। एक दिन वह चुप हो गया। बुद्ध ने पूछा — आज गाली क्यों नहीं दी? उसने कहा — आप कभी क्रोधित ही नहीं होते। बुद्ध बोले — यदि कोई उपहार दे और दूसरा उसे स्वीकार न करे, तो वह किसके पास रहता है? वह व्यक्ति बोला — देने वाले के पास। बुद्ध बोले — मैं तुम्हारी गालियाँ स्वीकार ही नहीं करता। उस व्यक्ति का हृदय बदल गया। यह सन्त का स्वभाव है — बुराई को भी शांति में बदल देना।
संत एकनाथ महाराज गंगाजल लेकर जा रहे थे। रास्ते में एक व्यक्ति बार-बार उन पर थूकता रहा। संत हर बार वापस जाकर स्नान करते और फिर शांत भाव से आगे बढ़ते। अंत में वह व्यक्ति रो पड़ा और चरणों में गिर गया। संत ने कहा — तुमने मुझे बार-बार गंगास्नान का अवसर दिया, मैं तुम्हारा आभारी हूँ। यह है संत का दृष्टिकोण — अपमान में भी अवसर देखना।
संत कबीरदास जी को कई लोगों ने अपमानित किया, पर उन्होंने कहा — “निंदक नियरे राखिए।” जो हमारी कमी बताता है, वह हमें सुधारता है। संत बुराई करने वाले को भी अपना हितैषी मानते हैं।
एक बार किसीने संत तुकाराम जी की भक्ति का मज़ाक उड़ाया और उनकी रचनाएँ नदी में फेंक दीं। तुकाराम जी ने क्रोध नहीं किया, बल्कि भगवान् की इच्छा मानकर भजन करते रहे। कुछ समय बाद वही अभंग सुरक्षित अवस्था में वापस मिले। भगवान् स्वयं भक्त की रक्षा करते हैं।
कुछ सत्पुरुष ऐसे होते हैं कि बुराई करनेवालोंके बदलेमें बुराई तो नहीं करते, पर भला भी नहीं करते। ऐसे पुरुष भी दुर्लभ हैं; क्योंकि बुराई सह लेना ही बहुत कठिन है।
परोपकारी पुरुष कुछ ऐसे भी होते हैं, जो भला न करनेवालोंका भी भला करते हैं।
सन्तोंद्वारा किसीका भी बुरा नहीं होता।
सन्त स्वभावसे ही सबका मंगल करते हैं। जिस प्रकार सूर्य सहज ही अन्धकारका नाश करते हैं, उसी प्रकार सन्त स्वाभाविक ही जीवन को निर्मल बना देते हैं।
महाराज जी ने चन्दन एवं कुल्हाड़ेकी उपमा देकर बताया है — कुल्हाड़ी चन्दन को काटती है, फिर भी चन्दन उसी कुल्हाड़ी को सुगंध दे देता है। सन्त भी ऐसे ही होते हैं; बुरा करनेवाले को भी अपनी ओर से श्रेष्ठ ही देते हैं।
🌹🌹॥ सत्संग ही जीवन का सच्चा धन है
🙏🏻🌷💐🌸🌼🌹🍀🌺💐🌷🙏🏻🌹

जिनका आज जन्मदिन है उनको हार्दिक शुभकामनाएं बधाई और शुभ आशीष 🌹
आपका जन्मदिन: 27 फरवरी

अंक ज्योतिष का सबसे आखरी मूलांक है नौ। आप बेहद साहसी हैं। आपके स्वभाव में एक विशेष प्रकार की तीव्रता पाई जाती है। आप सही मायनों में उत्साह और साहस के प्रतीक हैं। मंगल ग्रहों में सेनापति माना जाता है। अत: आप में स्वाभाविक रूप से नेतृत्त्व की क्षमता पाई जाती है। लेकिन आपको बुद्धिमान नहीं माना जा सकता। आपके जन्मदिन की संख्या आपस में जुड़ कर नौ होती है। यह मूलांक भूमि पुत्र मंगल के अधिकार में रहता है। मंगल के मूलांक वाले चालाक और चंचल भी होते हैं। आपको लड़ाई-झगड़ों में भी विशेष आनन्द आता है। आपको विचित्र साहसिक व्यक्ति कहा जा सकता है।

आपके लिए खास

शुभ दिनांक : 9, 18, 27

शुभ अंक : 1, 2, 5, 9, 27, 72

शुभ वर्ष : 2029, 2036, 2045

ईष्टदेव : हनुमान जी, मां दुर्गा।

शुभ रंग : लाल, केसरिया, पीला

आपकी जन्मतिथि के अनुसार भविष्यफल
करियर: अधिकार क्षेत्र में वृद्धि संभव है। नौकरी में आ रही बाधा दूर होगी। महत्वपूर्ण कार्य योजनाओं में सफलता मिलेगी। राजनैतिक व्यक्ति सफलता का स्वाद चख सकते हैं।

सेहत: स्वास्थ्य भी ठीक रहेगा।

परियार: मित्रों स्वजनों का सहयोग मिलने से प्रसन्नता रहेगी। आप अपनी शक्ति का सदुपयोग कर प्रगति की और अग्रसर होंगे। पारिवारिक विवाद सुलझेंगे।


मेष🐐 (चू, चे, चो, ला, ली, लू, ले, लो, अ)
आज दिन के आरंभिक भाग को छोड़ शेष सामान्य रहेगा। प्रातः काल सेहत में नरमी रहेगी लेकिन पहले की अपेक्षा सुधार भी आएगा आलस्य के कारण कार्य के प्रति टालमटोल करेंगे मध्यान बाद मानसिक रूप से स्थिरता आएगी कार्यो के प्रति गंभीरता बढ़ेगी लेकिन मजबूरी में ही करेंगे। धार्मिक कार्यो में आस्था मजबूत होगी। कार्य व्यवसाय से आज ज्यादा आशा नही रहेगी फिर भी दौड़ धूप का सकारात्मक परिणाम भविष्य में लाभ की आशा बनाए रखेगा। परिजन आपकी गतिविधयों पर नजर रखेंगे किसी भी अनैतिक कार्य से बचें अन्यथा सुख शांति बिगड़ सकती है। धन लाभ से खर्च ज्यादा रहेगा।

वृष🐂 (ई, ऊ, ए, ओ, वा, वी, वू, वे, वो)
आज दिन के पूर्वार्ध की संतोषी प्रवृति मध्यान तक बेचैनी में बदल जाएगी। धन को लेकर आज कोई जोखिम नही लेंगे लेकिन लाभ पाने के लिये किसी भी प्रकार से कसर भी नही छोड़ेंगे दिन भर के कार्य कलापो से असंतोष होगा परन्तु आकस्मिक लाभ होने पर थोड़ी राहत मिलेगी आज आप जिस लाभ के अधिकारी है उसमें किसी का गलत मार्गदर्शन कमी लाएगा फिर भी खर्चो की पूर्ति आसानी से हो जाएगी। नौकरी वाले लोग धन लाभ की आशा में रहेंगे पर आज निराश ही होना पड़ेगा। परिवार के सदस्य अन्य की कमिया बता स्वय की गलती पर पर्दा डालेंगे थोड़े मतभेद के बाद भी शांति रहेगी।

मिथुन👫 (का, की, कू, घ, ङ, छ, के, को, हा)
आज के दिन से आप काफी उम्मीद लगाए रहेंगे लेकिन दिन निराश करने वाल रहेगा। आवश्यक कार्य मनमौजी प्रवृति के कारण अधूरे रहेंगे। जिस कार्य से लाभ की आशा रहेगी उसमे किसी का हस्तक्षेप पड़ने से हानि होगीं। भागीदारी के कार्य मे स्पष्टता रखें गलतफहमी संबंद तोड़ सकती है। धन लाभ की संभावनाए ही बनेगी लेकिन पूर्ण नही हो सकेगी। लोग आपका सहयोग करने की जगह त्रुटियां निकालेंगे। रमणीय पयर्टक स्थल की यात्रा होगी खर्च में नियंत्रण रखने पर भी अकस्मात होने से कोष में कमी आएगी। शारीरिक रूप से कुछ ना कुछ कमी बनी रहेगी। जोखिम वाले कार्यो से आज डोर रहना ही बेहतर रहेगा।

कर्क🦀 (ही, हू, हे, हो, डा, डी, डू, डे, डो)
आज के दिन भागदौड़ भरी जिंदगी में शांति की तलाश में रहेंगे मन में आज कुछ ना कुछ उठापटक लगी रहेगी। दिन के आरंभ में जो भी योजना बनाएंगे अन्य कार्य आने से इनमे फेरबदल करना पड़ेगा। कार्य व्यवसाय की जगह आज सार्वजनिक क्षेत्र से उम्मीद अधिक रहेगी। व्यवसायी वर्ग सही दिशा में जा रहे कार्यो के प्रति आशंकित रहेंगे लाभ के नजदीक पहुच कर निर्णय बदलने पर होने वाले लाभ में कमी आएगी। सरकारी कार्य धीमी गति से आगे बढ़ेंगे। मित्र परिचितों से संबंधो में मधुरता बढ़ेगी फिर भी छोटी-छोटी बातों को अनदेखा करना ही बेहतर रहेगा। परिवार में बीमारियों के कारण उदासीनता रहेगी।

सिंह🦁 (मा, मी, मू, मे, मो, टा, टी, टू, टे)
आज का दिन बीते समय की तुलना में बेहतर बीतेगा। दिन के आरंभ में अधिकांश कार्य हानि होने के डर से करने से कतराएंगे मध्यान तक मन पर चंचलता हावी रहेगी अनिर्णय की स्थिति अव्यवस्था बढ़ाएगी। किसी अनुभवी की सलाह मिलने पर हिम्मत आएगी कार्य व्यवसाय से आज लाभ की उम्मीद कम ही रखें निवेश करने से ना डरें भविष्य के लाभ के लिए आवश्यक है। धन लाभ की कामना संध्या तक पूर्ण होगी लेकिन कुछ कमी के साथ। वर्जित कार्यो में रुचि रहेगी जो सम्मान के साथ धन हानि का कारण बन सकती है इससे दूर रहें। खासी जुखाम से पीड़ा की संभावना है।

कन्या👩 (टो, पा, पी, पू, ष, ण, ठ, पे, पो)
आज का दिन सभी कार्य मे सफलता दिलाएगा। पूर्व में किये गए परिश्रम का फल आज अवश्य ही धन लाभ के रूप में मिलेगा लेकिन ध्यान रहे व्यवहारिकता से ही लाभ में वृद्धि हो सकती है लोभ अथवा अहम में रहे तो लाभ सीमित रह जायेगा। कार्य व्यवसाय में बिना किसी सहयोग के उन्नति होगी भविष्य की योजनाओं पर खर्च के साथ बचत भी करेंगे। सरकारी कार्य भी थोड़े बौद्धिक श्रम से धन खर्च कर बना लेंगे। दिमागी रूप से शांत रहने के कारण परिजनों के साथ संबंधों में निकटता आएगी। वृद्धजन का आशीर्वाद मिलेगा परोपकार की भावना आज कम ही रहेगी।

तुला⚖️ (रा, री, रू, रे, रो, ता, ती, तू, ते)
आज दिन का आरंभ शांति से व्यतीत होगा लेकिन इसके बाद व्यर्थ के प्रपंचो में पड़कर मानसिक शांति खो देंगे। करने योग्य कार्य छोड़ अनर्गल प्रवृतियों में समय और धन नष्ट करेंगे। सरकारी क्षेत्र से आशाजनक समाचार मिलेंगे लेकिन सफलता आज संदिग्ध ही रहेगी। कार्य व्यवसाय में बड़ा निर्णय लेने का विचार बनाएंगे यह भविष्य के लिये लाभदायक रहेगा। धन की आमद सोच से थोड़ी कम रहेगी पुराने कार्यो से लाभ होगा लेकिन ज्यादा देर टिकेगा नही। व्यापार विस्तार की योजना भी बनाएंगे जिसमें सफलता निश्चित रहेगी। घर में किसी खुशखबरी के मिलने से आनंद का वातावरण बनेगा। सेहत सामान्य रहेगी।

वृश्चिक🦂 (तो, ना, नी, नू, ने, नो, या, यी, यू)
आज दिन के पहले भाग को छोड़ शेष समय शारीरिक एवं मानसिक समस्या का सामना करना पड़ेगा प्रातः काल से ही स्वास्थ्य में नरमी आने लगेगी लेकिन इसके प्रति लापरवाही करेंगे परिणाम स्वरूप मध्यान बाद स्थिति खराब होने लगेगी लेकिन ज्यादा गंभीर भी नही होगी। लेदेकर अपने नियमित कार्यो को किसी के सहयोग से पूरा कर लेंगे। धन की आमद आज आशाजनक नही रहेगी। सरकारी अथवा अन्य महत्त्वपूर्ण कार्यो को आज टालना ही बेहतर रहेगा। धन खर्च करने पर भी अधिकतर कार्य अधूरे ही रहेंगे। परिजनों के साथ संबंधो में रुखापन आएगा मतलब से बात करेंगे।

धनु🏹 (ये, यो, भा, भी, भू, ध, फा, ढा, भे)
आज के दिन पूर्वार्ध में पहले मिली सफलता के कारण निश्चिन्त रहेंगे महत्त्वपूर्ण कार्यो में लापरवाही करेंगे लेकिन मध्यान के बाद ही स्थिति को भाँप कर मेहनत के लिये प्रेरित होंगे। आज किये परिश्रम का फल निकट भविष्य में कुछ ना कुछ आर्थिक अथवा अन्य प्रकार से वृद्धि कराएगा। घर मे सुखोपभोग के साधन की खरीद की योजना बनेगी परन्तु आज बजट की कमी के कारण टालना भी पड़ सकता है। धन लाभ आशाजनक लेकिन भाग दौड़ के बाद ही होगा खर्च साथ लगे रहने से परिजनों की इच्छापूर्ति करने में विलंब होगा फिर भी आपसी तालमेल बना रहेगा स्वास्थ्य को लेकर आशंकित रहेंगे।

मकर🐊 (भो, जा, जी, खी, खू, खा, खो, गा, गी)
आज आप पूर्व में की गलतियों की समीक्षा करेंगे भविष्य को लेकर थोड़ी चिंता भी रहेगी। कार्य व्यवसाय में आज कही से भी लाभ की उम्मीद नजर नही आएगी फिर भी मानसिक रूप से संतोषी ही नजर आएंगे। धन को लेकर जोड़ तोड़ की नीति अपनाने की जगह शांति से परिस्थिति अनुकूल बनने की प्रतीक्षा में रहेंगे। मन की इच्छाओं की तुलना में आज कर्म कम ही करेंगे भागदौड़ से बच बैठकर लाभ कमाने के चक्कर मे रहना अभाव को जन्म देगा। शारीरिक रूप से भी थोड़ा कष्ट रहेगा। परिजनों की बनी बनाई योजना पर लचीले व्यवहार के कारण पानी फेर देंगे।

कुंभ🍯 (गू, गे, गो, सा, सी, सू, से, सो, दा)
आज के दिन बुद्धि विवेक में विकास होगा लेकिन इससे मनिच्छित सफलता नही मिल सकेगी दिन के पहले भाग में घर मे पुरानी बात के कारण मतभेद रहेंगे शांत रहने का प्रयास करें अन्यथा दिन भर मानसिक अशांति रहेगी। कार्य क्षेत्र पर नए तरीके से काम करने का प्रयास करेंगे इससे अन्य लोगो मे आपकी बुद्धि कौशल का प्रचार होगा पर धन लाभ के लिये तरसना पड़ेगा परिश्रम करने पर भी अल्प लाभ से संतोष करना पड़ेगा। लोग केवल मीठा बोलकर अपना हित साधेंगे सहयोग कोई नही करेगा। सेहत में उतार-चढ़ाव बना रहेगा। परिवार की आवश्यकता पूर्ती करने में असमर्थ रहेंगे।

मीन🐳 (दी, दू, थ, झ, ञ, दे, दो, चा, ची)
आज दिन के आरंभ में किसी गुप्त कारण से चिंतित रहेंगे स्वयं अथवा किसी परिजन की गलती के कारण घर मे कलह होने की आशंका से मन व्याकुल रहेगा परिजनों के आगे सोच समझकर ही बात करें डर के कारण उलजुलूल बयानों से खुद ही शक पैदा करेंगे। कार्य क्षेत्र पर भी शांति की कमी रहेगी धन अथवा किसी वस्तु को लेकर गरमा गरमी होने की संभावना है। लाभ की संभावनाए बनते बनते बिगड़ेंगी। सामाजिक एवं पारिवारिक व्यवहारों की जगह मौज-शौक पर खर्च करेंगे। सहयोगियों से आज कम ही बनेगी। मानसिक दबाव के कारण सर दर्द रहेगा।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Quote of the week

“Every sunset is an opportunity to reset. Every sunrise begins with new eyes.”

~ Richie Norton